राजधानी के विकास का काम अब एक नए अंदाज में शुरू, सभी निर्माण एजेंसियां करेंगी एक साथ काम

राजधानी के विकास का काम अब एक नए अंदाज में शुरू, सभी निर्माण एजेंसियां करेंगी एक साथ काम

भोपाल
राजधानी के विकास का काम अब एक नए अंदाज में शुरू हो गया है। इसके लिए सभी निर्माण एजेंसियों को मिल कर एक प्लेटफार्म पर काम करना होगा और अल्पकालीन योजना के प्रस्तावित कार्य को तीन चरणोें में करने की तैयारी है। तीन माह, मध्यकालीन योजना के प्लान को 1 वर्ष तथा दीर्घकालीन योजना के तहत तय किए गए कार्य को तीन साल में हर हाल में पूरा करना होगा। संभागायुक्त कवीन्द्र कियावत ने इसके लिए कौन-कौन सी एजेंसी क्या करेगी उसकी रिपोर्ट बना कर प्रस्तुत करने को कहा है। इससे सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि एक ही काम को दो एजेंसियां अपने वर्क आर्डर में नहीं दर्शा पाएंगी।

सिटी डेवलपमेंट प्लान में  शहर की स्वच्छता की स्थिति सुधारने कार्य करना व बीआरटीएस मार्ग के संधारण और शहर में नवीन बसों का संचालन पर भी फोकस किया जा रहा है। इसके लिए स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट के बीसीएलएल से लेकर निजी बस आॅपरेटरों और मैजिक वालों से भी राय लेकर उनकी परेशानियों को ध्यान में रख कर प्लान बनाया जाएगा ताकि सड़कों पर लगने वाले जाम से निजात दिलाई  जा सके।

इसके पहले चरण में  वन विहार क्षेत्र में प्रदूषण मुक्त वाहनों का संचालन तथा शहर में पार्किंग क्षेत्रों का निर्माण की स्थिति का आंकलन किया जाना है और उसको किस तरह से नियंत्रित करना है इसका प्लान तैयार करना है। इसके अलावा  शहर के मुख्य मार्गों को मलवे व अनुपयोगी वाहनों से मुक्त कराना तथा मल्टीलेवल पार्किंग सुविधा का प्रभावी उपयोग होना है। अभी तक शहर में कितनी मल्टी लेवल पार्किंग बनी हैं लेकिन उसके बाद भी सड़कों पर वाहनों की संख्या क्यों बढ़ रही है। इस की समीक्षा की जानी है।

शहर में बनने वाली सड़कों का मैनेजमेंट सही तरीके से हो इसके लिए एक सुपर एजेंसी बनाने की योजना है। इसमें रोड बनाने वाली सभी एजेंसियों बीडीए, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी और राजधानी परियोजना के विशेषज्ञों को शामिल किया जाएगा। जियो टैगिंग के जरिए इसकी मॉनिटरिंग कराने से इसमें होने वाली लापरवाही पर भी अंकुश लगाया जा सकेगा।