सीएम कमलनाथ ने प्रदेश के उद्योगपतियों से की बैठक, बनाई  नई उद्योग नीति

सीएम कमलनाथ ने प्रदेश के उद्योगपतियों से की बैठक, बनाई  नई उद्योग नीति
भोपाल, मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आज राजधानी के मिंटो हाल में नई उद्योग नीति के लिए देश और प्रदेश के 47 उद्योगपतियों और उनके प्रतिनिधियों से वन टू वन किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश के औद्योगिक वातावरण में और सुधार के लिए दिए जाने वाले सुझावों पर अमल के लिए बात की और कहा कि वे प्रदेश में लगाए जा सकने वाले उद्योगों के लिए एक अनुकूल माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं। सभी के सुझावों को एक प्लेटफार्म पर लाने के लिए उन्होंने उद्योगों से संबंधित सभी संबंधित विभागों के अफसरों की टीम को भी साथ रखा। सीएम नाथ ने आज देश भर के 64 औद्योगिक मुखिया और उनके प्रतिनिधियों के साथ राउंड टेबल पर सुझाव लिए। इस दौरान कुछ उद्योगपतियों ने पावर पाइंट के माध्यम से भी अपनी बात रखी। मुख्यमंत्री नाथ ने कहा कि जो सुझाव आएंगे, उनके आधार पर प्रदेश की औद्योगिक नीति में बदलाव किया जाएगा। इस राउंड टेबल में बड़े औद्योगिक घरानों के साथ एमएसएमई सेक्टर के उद्योगपतियों को भी बुलाया गया था। जिन उद्योगों ने यहां सफल उद्यम चला रखे हैं, उनसे अनुभव शेयर कराए गए और कमजोरियों की बताया गया। काम्प्रटन ग्रीव्ज के नीलकंठ ने इस दौरान कहा कि मुख्यमंत्री कमलनाथ की मंशा प्रदेश में उद्योगों के विस्तार को लेकर है। प्रदेश में निवेश की काफी संभावनाएं हैं। अधिक से अधिक निवेश के लिए सरकार से सहयोग की अपेक्षा है। बैठक में पिनेकल इंडस्ट्रीज के चेयरमैन सुधीर मेहता, बिरला कारपोरेशन के हर्ष वी. लोढा, इवोन इंडस्ट्रीज लिमिटेड व सीआईआई एमपी के चेयरमैन राजेश खरे, एचईजी के चेयरमैन रवि झुनझुनवाला, सागर मैन्युफैक्चरर के चेयरमैन सुधीर अग्रवाल, शक्ति पंप के चेयरमैन दिनेश पाटीदार, ट्राइडेंट लिमिटेड के चेयरमैन राजिन्दर गुप्ता, वाचमेट के दिनेश चंद्रा, वेलस्पन के बीके गोयनका, थिंक गैस डिस्ट्रीब्यूशन के अमितावा सेन समेत अन्य उद्योगों के एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर, एमडी और अन्य प्रतिनिधि बैठक में मौजूद रहे। इस बैठक से मीडिया को दूर रखा गया। इसको लेकर बैठक के बाद मुख्यमंत्री नाथ मीडिया से बात करेंगे और उद्योगपतियों के सुझावों की जानकारी देंगे। इस बैठक में 50 उद्योगपतियों को बुलाया गया था जिसमें से 3 नहीं आ पाए। मुख्य सचिव एसआर मोहंती और विभिन्न विभागों के अफसरों समेत 64 उद्योगपति इसमें शामिल हुए।