स‍िर पर व‍िग, ओवर मेकअप और नकली चेहरा, पतझड़ सी है कलंक की बहार

स‍िर पर व‍िग, ओवर मेकअप और नकली चेहरा, पतझड़ सी है कलंक की बहार

 
नई दिल्ली 

माधुरी दीक्ष‍ित ने अपने अब तक के कर‍ियर में कई यादगार किरदार न‍िभाए हैं. फिल्म तेजाब में मोह‍िनी, हम आपके हैं कौन में न‍िशा, दिल तो पागल है में पूजा, देवदास में चंद्रमुखी. एक बार फिर माधुरी फिल्म कलंक में बहार बेगम बनकर आईं, जो एक खूबसूरत तवायफ है. इस किरदार की जब से झलक करण जौहर ने द‍िखाई दर्शक पलकें ब‍िछाकर इंतजार करने लगे. लाखों द‍िल धक-धक करने लगे. लेकिन जब बहार बेगम आईं तो लगा ये जैसे पतझड़ आ गई. माधुरी की हंसती आंखें बुझ गई हैं. हंसी की खनक कहीं काफूर हो गई है. चेहरे पर चमक से ज्यादा मेकअप की परते हैं.

माधुरी को फैंस ने हमेशा अपनी चुलबुली हरकत से एक दो तीन कराते देखा है. उस माधुरी को देखा है जो द‍िल तो पागल है गा दे तो दीवाना बना देती है. वो माधुरी जो देवदास की चंद्रमुखी बनती है तो आंखों से कत्ल कर देती है. माधुरी का ऐसा ही जादू देखने दर्शक 17 अप्रैल को स‍िनेमाहॉल में पहुंचे. कलंक फिल्म में माधुरी तो नजर आईं लेकिन वो ग्रेस गायब था. वैसे इस बात की भनक माधुरी के तबाह हो गए गाने से लग गई थी.

फिल्म का गाना तबाह हो गए देखकर किसी भी माधुरी फैन का द‍िल टूटने में चंद मिनट भी नहीं लगे. लेकिन इसकी ज‍िम्मेदार खुद माधुरी से ज्यादा वो टीम है ज‍िसने कलंक में माधुरी के मेकअप और ड्रेसअप पर काम किया. मेकअप को देखकर लगा जैसे चेहरा खूबसूरत द‍िखाने के बजाय उम्र छ‍िपाने की कोश‍िश की गई है. जो माधुरी खिल-ख‍िलाकर हंसती थी, उसकी हंसी पर हजार बंद‍िशें थी. हां एक प्लास्ट‍िक स्माइल जरूर थी, जो माधुरी के चेहरे पर सूट नहीं करती.