सामूहिक हड़ताल पर रहे 5 लाख कर्मचारी, सरकारी दफ्तरों में कामकाज ठप्प
भोपाल, मध्यप्रदेश में तीन माह बाद होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश के कर्मचारी भी अपनी मांगों को लेकर सक्रिय हो गए हैं। प्रदेश के करीब पांच लाख सरकारी कर्मचारी शुक्रवार को अवकाश पर चले गए। इससे प्रदेश के सरकारी दफ्तरों में कामकाज ठप्प हो गया है। प्रदेश के 6 संगठनों के आव्हान पर यह प्रदर्शन किया। जिसमें करीब पांच लाख सरकारी कर्मचारी शुक्रवार को एक दिन की सामूहिक हड़ताल पर है। हड़ताल जरूर एक दिन की रखी है, लेकिन शनिवार और रविवार को अवकाश रहने से दफ्तरों में कामकाज नहीं हो पाएगा।
अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी किया
राजधानी में सतपुड़ा भवन और कलेक्ट्रेट के बाहर कर्मचारी धरना दिया। अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी किया। कर्मचारियों के प्रदेश मोर्चा के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह, तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के प्रदेश सचिव उमाशंकर तिवारी,निगम मंडल के अध्यक्ष अनिल वाजपेयी,जिला अध्यक्ष मोहन अय्यर, लिपिक वर्ग कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष एमपी द्विवेदी, लघु वेतन कर्मचारी संघ के महेंद्र शर्मा, जिला न्यायालय कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीरज श्रीवास्तव, वाहन चालक कर्मचारी संघ के साबिर खान, लोक निर्माण विभाग लिपिक संघ के अध्यक्ष रत्नेश सौंधिया, अशोक पांडे भी धरने में शामिल हुए।
सोमवार ड्यूटी पर आएंगे
तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के प्रदेश सचिव उमा शंकर तिवारी ने बताया कि प्रदेश में कुल 5 लाख 75 हजार कर्मचारी हैं। शुक्रवार को वर्ग तीन और चार सहित राजपत्रिक अधिकारी संवर्ग भी हड़ताल में शामिल हैं। सभी कर्मचारी अब सोमवार ड्यूटी पर आएंगे।
bhavtarini.com@gmail.com

