राहत राशि तत्काल स्वीकृत करने की कार्यवाही सुनिश्चित करें - डॉ. जटिया
समय सीमा बैठक में कलेक्टर के निर्देश
Syed Javed Ali
मण्डला - कलेक्टर डॉ. जगदीश चन्द्र जटिया ने समय सीमा बैठक में जिले में हुई भारी बारिश के दौरान प्रभावितों को मिलने वाली राहत राशि पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि पीड़ितों को राहत राशि दिलाने की कार्यवाही गंभीरता से सुनिश्चित किया जाये। सभी राजस्व अधिकारी राहत राशि दिलाने की कार्यवाही में कोताही न बरतें। डॉ. जटिया ने सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों को राहत राशि प्रदान करने तत्काल कार्यवाही पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि तहसीलदार एवं अन्य राजस्व अधिकारियों द्वारा मुआवजे की राशि प्रदान करने में गंभीरता नहीं बरतने पर उनके विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही प्रस्तावित की जायेगी। कलेक्टर ने बाढ़ प्रभावितों को अब तक समुचित रूप से राहत राशि वितरण नहीं किये जाने पर नाराजगी जताई।
डॉ. जटिया ने बैठक में सीएम हेल्पलाईन में राहत राशि से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से निपटाने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि आपदा से संबंधित शिकायतों के संतुष्टि पूर्वक निराकरण के लिए शिकायतकर्ता से बात करें। बाढ़ प्रभावित एवं आपदा से संबंधित शिकायतों का टू-द-प्वाईंट निराकरण सुनिश्चित करें। ऐसे प्रकरण जिनमें तत्काल लाभ मिलना संभव नहीं है, उनका संक्षिप्त एवं सारगर्भित ब्यौरा प्रस्तुत किया जाये। कलेक्टर ने 100 दिन से अधिक की लंबित शिकायतों को प्राथमिकता के साथ सुनने एवं उनका निराकरण करने के निर्देश दिये। उन्होंने बताया कि ऐसे विभाग जिन्होंने 100 दिन की लंबित शिकायतों के निराकरण में संतोषजनक प्रगति दर्ज नहीं की हैं उनके अधिकारियों की निराकरण संबंधी विशेष बैठक 26 सितम्बर को शाम 4 बजे आयोजित की जायेगी।

डॉ. जटिया ने जनाधिकार कार्यक्रम के तहत् चिन्हित विषयों से संबंधित शिकायतों पर भी संबंधित अधिकारियों से जवाब मांगे। उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के पेयजल स्त्रोतों में नियमित रूप से क्लोरीनेशन का कार्य करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि क्लोरीनेशन के कार्य के लिए सीएमएचओ एवं ईईपीएचई आपसी समन्वय बनाकर काम करें। कलेक्टर ने एएनएम एवं आशा कार्यकर्ता के माध्यम से क्लोरीनेशन का कार्य अनिवार्य रूप से कराने के निर्देश दिये। बैठक में बिजली, सड़क, कृषि, खाद तथा वनाधिकार से संबंधित लंबित शिकायतों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। डॉ. जटिया ने दूरस्थ ग्रामों में बिजली नहीं होने की शिकायत पर विद्युत विभाग से जवाब मांगे एवं उपभोक्ताओं को बेहतर सेवायें प्रदान करने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने छात्रावास निरीक्षण एवं मध्यान्ह भोजन पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि निरीक्षण एवं मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता में सुधार का कार्य लगातार जारी रखा जाये। निरीक्षक अधिकारी बच्चों के साथ खाना खाकर गुणवत्ता का परीक्षण करें एवं उनसे अन्य समस्याऐं भी जानें।
डॉ. जटिया ने 18 सितम्बर को आयोजित होने वाले बलिदान दिवस की तैयारियों पर भी चर्चा की। उन्होंने आगामी नवम्बर में आयोजित होने वाले निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर की तैयारियों के बारे में भी पूछा। साथ ही स्वरोजगार योजनाओं एवं आकांक्षी विकासखण्ड से संबंधित कार्यों की प्रगति भी मांगी गई। बैठक के अंत में ’प्रदान एनजीओ’ द्वारा आजीविका संवर्धन पर आधारित पीपीटी प्रस्तुत किया गया। पीपीटी में आदिवासी इलाकों एवं जिले में आजीविका संवर्धन के माध्यम से किए गए कार्य एवं बेहतर संभावनाओं पर भी चर्चा की गई। बैठक में जिला पंचायत सीईओ तन्वी हुड्डा, अपर कलेक्टर मीना मसराम सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।