मुंबई, फिजाओं में प्यार का रंग घुला हुआ है क्योंकि सोनी सब के ‘अलादीन: नाम तो सुना होगा’ में अलादीन (सिद्धार्थ निगम) और यास्मीन (अवनीत कौर) के बीच एक बार फिर प्यार के फूल खिल रहे हैं। इससे पहले इन दोनों ने अपने सपनों भरे सफर का बड़ा ही दुखद अंत देखा है और आगामी एपिसोड्स में इस खूबसूरत जोड़ी को एक होते हुए दिखाया जायेगा। ‘अलास्मिन’ को परदे पर अपनी कमाल की केमेस्ट्री की वजह से काफी प्यार और तारीफें मिल रही हैं और आगामी एपिसोड्स में प्यार के इन पंछियों के बहुप्रतीक्षित पुनर्मिलन को देखने का मौका मिलेगा, क्योंकि आखिरकार यास्मीन को अली की सच्चाई का पता चल चुका है।

यास्मीन को जफ़र (आमिर दल्वी) के इरादों पर शक था और अब वह अपने पिता की हत्या के पीछे की साजिश का पर्दाफाश करने की कोशिशों में जुटी है। वहीं जफ़र राज़-ए-कायनात’ के दरवाजे को खोलने के मिशन पर है। वह पहला दरवाजा खोलने में कामयाब हो जाता है, जिससे नरक का राक्षस (विनीत कक्कड़) हैवान-ए-हिबलिस’ बाहर निकलता है। चौंका देने वाले घटनाक्रम में, हिबलिस, सोन मीनार से भाग निकलता है, वहीं जफ़र गुस्से से बौखलाया हुआ है कि राजा को मारना और उनकी हत्या का इल्जाम अलादीन के सिर मढ़ने पर भी उसे अपनी मंजिल पाने में कोई मदद नहीं मिली। इस बात से पूरी तरह से अनजान है कि यास्मीन उसका पीछा कर रही है उसे गुनाह कबूल करते हुए देख लेती है।
सच जानने के बाद शहजादी यास्मीन पूरी तरह से टूट जाती है और वह जफ़र से सवाल करने निकल पड़ती है, जबकि जिनू (राशूल टंडन), अली उसे जफ़र का सीधे तौर पर सामना करके खुद को खतरे में डालने से रोकते हैं। ये दोनों पुराने दिनों की तरह ही लड़ पड़ते हैं जब अली, यास्मीन को ‘नकचढ़ी’ बुलाता है, अलादीन की असली पहचान सामने आ जाती है।
यास्मीन की क्या प्रतिक्रिया होगी? क्या प्यार के ये दो पंछी फिर से एक साथ होंगे?
अली उर्फ अलादीन की भूमिका निभा रहे सिद्धार्थ निगम ने कहा, ‘’अलादीन और यास्मीन एक-दूसरे के लिये बने हैं, भले ही यह कहानी बड़े ही गंभीर मोड़ पर है, जहां जफ़र ‘राज़-ए-कायनात’ का दरवाजा खोलने वाला है। यह पुनर्मिलन एक चौंकाने वाला मोड़ लेकर आयेगा। आखिरकार अब ‘अलास्मिन’ के जरिये दर्शकों को इस इश्कनामा का आनंद उठाने का मौका मिलेगा। तो फिर बने रहिये हमारे साथ क्योंकि अली आखिरकार अपने सच्चे प्यार के लिये अपनी असली पहचान का खुलासा कर देगा।‘’
यास्मीन की भूमिका निभा रहीं अवनीत कौर ने कहा, ‘’यास्मीन के आस-पास काफी सारी चीजें घट रही हैं, क्योंकि उसे अपने पिता के असली कातिल के बारे में पता चलेगा। उसकी दुनिया पूरी तरह से हिल जाती है और अली की असलियत सामने आने पर कहानी में एक नया ट्विस्ट आयेगा। मुझे इस बहुप्रतीक्षित पुनर्मिलन की शूटिंग करने में काफी मजा आया और मुझे दर्शकों की प्रतिक्रिया का बेसब्री से इंतजार है। तो यह देखने के लिये बने रहिये हमारे साथ कि इतने लंबे समय बाद ‘नकचढ़ी’ सुनकर यास्मीन की क्या प्रतिक्रया होती है।‘’
देखिये, कमाल की जोड़ी ‘अलास्मिन’ को, ये आपको ‘अलादीन: नाम तो सुना होगा’ पर अपना इश्कनामा दिखायेंगे, हर सोमवार-शुक्रवार, रात 9 बजे केवल सोनी सब पर