shyam jatavनीमच, नीमच के कारोबारी कैलाश धानुका के ठिकानों पर आयकर के छापों ने सोयाबीन की मंडी में सन्नाटा फैला दिया है. धंधा मंदा पड़ गया है. जिस सोयाबीन के दाम कल तक उछाल पर थे आज अचानक लुढ़क गए.
नीमच के व्यवसायी कैलाश धानुका दरअसल सोयाबीन तेल के बड़े कारोबारी हैं. इसलिए उनके खिलाफ हुई कार्रवाई का सीधा असर सोयाबीन के कारोबार पर पड़ा. नीमच में प्रदेश की सबसे बड़ी सोयाबीन मंडी है. धानुका के ठिकानों पर छापा पड़ते ही कारोबार में अनिश्चितता और घबराहट का माहौल पैदा हो गया. सोयाबीन के दाम एक दम से २०० से ३०० रु तक नीचे चले गए. किसान चिंता में पड़ गए और मंडी में सोयाबीन की आवक एकदम कम हो गयी.
प्रदेश में सोयाबीन की सबसे बड़ी मंडी नीमच है और सोयाबीन तेल के सबसे बड़े कारोबारी कैलाश धानुका हैं. वो मंडी से सबसे ज़्यादा सोयाबीन उठाते हैं. पिछले दिनों कैलाश धानुका इंडस्ट्रीज और उसके अलग अलग 40 ठिकानों पर आयकर विभाग के छापे पड़े. बस उसके बाद से धानुका प्लांट बंद है. प्लांट बंद होने के कारण सोयाबीन की ख़रीद भी ठप्प पड़ी हुई है.