डूबान क्षेत्र के किसान कर रहे पट्टा की मांग

धमतरी
छत्तीसगढ़ के धमतरी के डूबान क्षेत्र में बड़ी संख्या में किसान जिस जमीन पर बीते तीन दशक से काबिज थे, अचानक उन्हें बताया गया कि वो जमीन उनकी है ही नहीं. बल्कि सरकार की घास जमीन है. ऐसे में उन्हें जमीन छोड़नी होगी. ऐसे सभी किसानों ने प्रशासन से जमीन पट्टे की मांग की है. इसके पीछे हवाला दिया है कि उनके पास रोजी रोटी का खेती ही एक मात्र जरिया है.

दरअसल लगभग 35 साल पहले जब गंगरेल बांध बना था, तब बड़ी संख्या में लोगों को विस्थापित किया गया था. अपना गांव घर छोड़ कर नई जगह पर आए किसानों को खेती के लिये जमीन दी गई थी, जिसमें वो किसानी भी कर रहे थे और रहते भी थे. हाल ही में किये गए सीमांकन में पटवारी ने वो सारी जमीन को घास जमीन करार दिया है. इसके बाद से क्षेत्र के किसान परेशान हैं और पट्टे की मांग कर रहे हैं. इधर प्रशासन ने इस समस्या को संज्ञान में लेकर उचित कदम उठाने की बाद कही है. धमरी कलेक्टर सीआर प्रसन्ना का कहना है कि किसानों को नुकसान नहीं होने दिया जाएगा. उन्हें नियमानुसार हर संभव मदद दी जाएगी.