ग्वालियर, कोरोना पॉजिटिव आने वाले मरीजों की रफ्तार में अब कुछ धीमी हो गई है, लेकिन इसके बीच भर्ती मरीजों की मौत ने परेशानी भी बढ़ा दी है। शुक्रवार व शनिवार की दरम्यानी रात को दो अन्य मरीजों ने भी दम तोड़ दिया। यह दोनों मरीज कोरोना संदिग्ध है जिनकी रिपोर्ट आज शाम आएगी। जानकारी के मुताबिक शहर के लक्कडखाना क्षेत्र में रहने वाली 63 साल की महिला की देर रात मौत हो गई।
वहीं मुरैना की 37 साल की एक महिला ने भी जेएएच में आज तड़के दम तोड दिया। दोनों ही महिलाएं 24 जुलाई को गंभीर बीमारी के चलते जयारोग्य अस्पताल में भर्ती हुई थी। दोनों महिलाओं के शव पोस्टमार्टम हाउस में रखवाए गए है। अगर इनकी रिपोर्ट निगेटिव आती है तो शव उनके परिजनों के सुपुर्द किए जाएंगे।
शुक्रवार को कोरोना पॉजीटिव आने पर जेएएच के सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल में भर्ती एक बुजुर्ग की भी मौत हो गई थी। हांलाकि बुजुर्ग व्यक्ति की दूसरी रिपोर्ट भर्ती रहते हुए निगेटिव आ गई थी। वहीं सिंहपुर रोड़ निवासी एक बुजुर्ग ने अस्पताल में भर्ती होने से पहले ही दम तोड़ दिया। खास बात ये है कि बुजुर्ग व्यक्ति की रिपोर्ट उनकी मौत होने के बाद आई। तब तक परिवार के लोगों द्वारा कई बार शव को र्स्पश भी किया गया। अब स्वास्थ्य अमला पॉजिटव आए मृत मरीज के परिजनों का भी टेस्ट कराएगा।
कोरोना का सैम्पल देने के बाद मरीज को रिपोर्ट का अब लंबा इंतजार नही करना पड़ेगा। उनकी रिपोर्ट सैम्पल देने के अगले दिन ही आ जाएगी। गजराराजा मेडिकल कॉलेज प्रंबधन ने अब अपनी प्रक्रिया में इसको लेकर बदलाव किया है। दरअसल गजराराजा मेडिकल कॉलेज की आईसीएमआर लैब में शुक्रवार को सभी सैम्पल की पैंडेंसी खत्म हो गई है, लेकिन कई मरीजों की शिकायतें थी कि सैम्पल देने के बाद भी रिपोर्ट के लिए उन्हे दो दिन का इंतजार करना पड़ता है। इसके पीछे दूसरे जिलों से आने वाले सैम्पल बताए गए है। दूसरे जिलों से सैंपल आने के कारण ग्वालियर के पूरे टेस्ट नहीं लग पाते है। इस कारण रिपोर्ट में देरी होती है, लेकिन इस प्रक्रिया को बदलते हुए सबसे पहले जेएएच के सभी सैंपल के टेस्ट करने के बाद ही दूसरे जिलों के सैंपल के टेस्ट करने की कार्ययोजना बनाई गई है।