'कमलनाथ एक आंधी है, छिंदवाड़ा का गांधी है'

'कमलनाथ एक आंधी है, छिंदवाड़ा का गांधी है'
daya chourasia छिंदवाड़ा, मुख्यंमंत्री का पद संभालने के बाद पहली बार कमलनाथ आज पहली बार छिंदवाड़ा पहुंचे । समर्थकों और कार्यकर्ताओं ने उनका बड़ी ही गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान कमलनाथ ने जनता का आभार व्यक्त करने रोड शो किया। रोड शो के दौरान 'कमलनाथ एक आंधी है, छिंदवाड़ा का गांधी है' नारा जमकर गूंजा। बड़ी तादाद में लोग अपने नेता से मिलने हार-मालाएं लेकर पहुंचे। कार्यकर्ताओं और जनता में काफी जोश देखने को मिला।इसके बाद कमलनाथ शहर के दशहरा मैदान में एक सभा को भी संबोधित करेंगे। हो सकता है कि नए साल के अवसर पर सीएम वहां की जनता के लिए तोहफे के रूप में कुछ घोषणा भी कर दे। दरअसल, नाथ अपने नये साल की शुरुआत छिंदवाड़ा में ही करेंगे ।सुरक्षा को देखते हुए कड़े इंतजाम किए गए है, चप्पे चप्पे पुलिस बल तैनात किया गया है। वे यहां 30 दिसंबर से 1 जनवरी तक यहां रहेंगें। आज वे यहां 7  किमी लंबी रोड शो करेंगें और जनता का आभार प्रकट करेंगें। कमलनाथ के आगमन को लेकर शहर में तगड़े इंतजाम किए गए हैं। वाहनों की आवाजाही से लेकर पार्किंग स्थल भी निर्धारित कर दिया गया हैं। भारी वाहनों को सुबह से देर रात तक शहर में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। रोड शो और सभा में पहुंचने वालों के वाहनों की पार्किंग अलग से बनाई गई है। कुछ रास्तों को डायवर्ट किया गया है ताकि आम लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। जगह-जगह स्वागत द्वार बनाए गए हैं। रविवार सुबह 9 से रात 10 बजे तक भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। नागपुर रोड लिंगा सर्किल से आमसभा में शामिल होने के लिए आने वाले कार्यकर्ताओं को प्रवेश दिया जाएगा, बाकि वाहनों को परासिया रोड से जाना होगा।लगभग सात किलोमीटर लम्बी रैली मार्ग पर किसी भी प्रकार का व्यवधान न हो इसके लिए अभी से तैयारी की गई है। बताते चले कि छिंदवाड़ा मुख्यमंत्री कमलनाथ का गढ़ माना जाता है। कमलनाथ छिंदवाड़ा से नौ बार सांसद रहे है। कमलनाथ 1980 से 2014 तक नौ बार सांसद चुने गए।  छिंदवाड़ा के लोगों का नारा रहा है 'कमलनाथ एक आंधी है, छिंदवाड़ा का गांधी है' अब वहां की जनता को अपने सांसद से मुख्यमंत्री बने कमलनाथ से काफी उम्मीदें है। जनता को पूरा विश्वार है कि जो काम वे सांसद रहते हुए नही कर पाए वे मुख्यमंत्री बनने के बाद पूरा करेंगें। इसके साथ ही कमलनाथ अधिकारियों से चर्चा करेंगे और क्षेत्र की व्यवस्थाओं और अव्यवस्थाओं का जायजा लेंगे, जिसमें विभागीय समस्याओं के साथ सभी प्रकार की बातों का ध्यान रखा जाएगा।