मुम्बई। महाराष्ट्र की राजनीति में शह और मात का खेल जारी है। सरकार का भविष्य का एनसीपी पर टिका है। पार्टी में चाचा भतीजे में पावर गेम चल रहा है।एनसीपी नेता और उपमुख्यमंत्री अजित पवार के ताज़ा बयान की मैं एनसीपी में हु और एनसीपी में ही रहूंगा से शरद पवार की धड़कने तेज हो गईं हैं। अपने विधायकों को टूटने से बचने के लिए उन्होंने देर रात उनके ठिकाने बदल दिए। बयान ने एनसीपी में हलचल मचा दिया है। एनसीपी नेताओं को अपने विधायकों को टूटने की आशंका जताई जा रही है।सभी एनसीपी विधायकों को मुंबई के रेनेसां होटल में हटाकर होटल हयात में रखा गया है, जहां देर रात तक पार्टी के नेता पहुंचते रहे।

देर रात एनसीपी नेता छगन भुजबल ने होटल हयात जाकर पार्टी विधायकों से मुलाकात की।
मुलाकात के बाद मीडिया के बाद करते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी के विधायकों से मिलने आया हूं। सिर्फ 2 एनसीपी विधायक होटल में नहीं है। बाकी के सभी विधायक हमारे साथ है। वहीं एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार खुद इस होटल में पहुंचे और एनसीपी के विधायकों से बात की।
वहीं महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने यह कहकर हलचल मचा दी कि प्रदेश में बीजेपी-एनसीपी महाराष्ट्र में स्थायी सरकार देगी और राज्य की जनता के कल्याण के लिए काम करेगी। इसके बाद उन्होंने ट्वीट किया था कि वे एनसीपी में हैं और हमेशा एनसीपी में ही रहेंगे। ऐसे में एनसीपी विधायकों को सुरक्षित करने में जुटी है।