स्वाइन फ्लू के मरीजों अगर नहीं किया इलाज तो मान्यता रद्द : स्वास्थ्य मंत्री

स्वाइन फ्लू के मरीजों अगर नहीं किया इलाज तो मान्यता रद्द : स्वास्थ्य मंत्री

भोपाल
स्वाइन फ्लू से भोपाल में हो रही मौतों के बाद सीएम कमलनाथ ने स्वाइन फ्लू के मरीजों के इलाज में गंभीरता बरतने के निर्देश दिये हैं। सीएम के निर्देश के बाद स्वास्थ्य मंत्री तुलसीराम सिलावट राजधानी के निजी अस्पतालों में भर्ती स्वाइन फ्लू से पीडित मरीजों से मिलने पंहुचे। 

मंत्री ने कहा कि स्वाइन फ्लू से पीडित मरीजों का इलाज करने से मना करने वाले निजी अस्पतालों की मान्यता रद्द कर दी जायेगी। स्वाईन फ्लू बीमारी को गंभीरता से लेकर स्वास्थ्य विभाग ने इससे निपटने की रणनीति तैयार की है। मंत्री जहाँ खुद इसकी जानकारी प्राप्त कर रहे हैं वहीं वह स्वयं मुख्यमंत्री को भी इससे अपडेट कर रहे हैं।

प्रदेश में स्वाईन फ्लू के सरकारी और चिन्हित निजी हॉस्पिटल में इलाज की व्यवस्थाओं पर विधानसभा स्थित उनके कक्ष में आज प्रमुख सचिव स्वास्थ्य श्रीमती पल्लवी जैन गोविल, स्वास्थ्य आयुक्त श्री नीतेश व्यास, संचालक डॉ. बी.एन. चौहान सहित वरिष्ठ अधिकारियों के साथ स्वाईन फ्लू की वर्तमान स्थिति पर समीक्षा की। 

मंत्री श्री सिलावट ने राज्य, संभाग और जिला स्तरीय मॉनीटरिंग दल गठित कर स्वाईन फ्लू के मरीजों के उपचार की व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। राज्य स्तर पर स्वास्थ्य आयुक्त, संचालक स्वास्थ्य, संयुक्त संचालक और उप संचालक को मॉनिटरिंग दल में शामिल किया गया। राज्य स्तरीय मॉनिटरिंग दल रोजाना दो बार पूरे प्रदेश से रिपोर्ट प्राप्त करेगा।

संभाग स्तर पर गठित मॉनिटरिंग टीम में संभागीय, क्षेत्रीय संचालक, उपसंचालक को शामिल किया गया है। यह दल अस्पतालों का निरीक्षण करेंगा और रिपोर्ट वरिष्ठ कार्यालय को भेजेगा। जिला स्तर पर गठित मॉनिटरिंग टीम में कलेक्टर, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, डी.एच.ओ. और नोडल आॅफीसर (एपिडेमियोलॉजिस्ट) को शामिल किया गया है। जिला स्तरीय दल उपचार की व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के साथ ही सुबह-शाम रोजाना राज्य स्तर पर रिपोर्ट भेजेगा।

बैठक में बताया गया है कि प्रदेश में स्वाईन फ्लू के उपचार की औषधि टेमीफ्लू पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। इसे सभी शासकीय और चिन्हित निजी चिकित्सालयों में पहुंचा दिया गया है। एम्स भोपाल, जी.एम.सी. भोपाल, एन.आई.आर.टी.एच. जबलपुर और डी.आर.डी.ओ. ग्वालियर में स्वाईन फ्लू सेम्पल की जांच की सुविधा उपलब्ध है। बैठक में मंत्री श्री सिलावट ने कहा कि उन्हें रोजाना पूरे प्रदेश में स्वाईन फ्लू की स्थिति जिसमें किस जिले में और किस हॉस्पिटल में कितने स्वाईन फ्लू के मरीज उपचाररत है, उपचार की व्यवस्थाओं सहित पूरी जानकारी दी जाए। वह खुद इसकी समीक्षा करेंगें।