मधेपुरा, मधेपुरा सदर अस्पताल में मरीज बनकर आये असामाजिक तत्व इमजेंसी वार्ड के ओटी कक्ष में केमिकल का स्प्रे कर फरार हो गये। केमिकल का स्प्रे इतना घातक था कि ओटी कक्ष में तैनात स्वास्थ्य कर्मी, इमजेंसी वार्ड में इलाजरत मरीज और उसके परिजन अचानक आंखों में जलन, खांसी और घुटन का शिकार होने लगे। इस घटना के बाद मरीजों और उसके परिजनों के साथ-साथ स्वास्थ्यकर्मियों वार्ड से बाहर निकल कर अपनी जान बचायी। सोमवार की रात केमिकल स्प्रे की घटना के बाद अस्पताल में अफरा-तफरी मच गयी। इस घटना को लेकर छह नामजद सहित चार अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया। इस घटना के बाद से सदर अस्पताल के डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों में भारी आक्रोश है। जिला प्रशासन से अस्पताल में आर्म्स गार्ड तैनात करने की मांग की है। घटना को लेकर अस्पताल में तैनात गार्ड गौसाय टोला निवासी दीप नारायण यादव के आवेदन पर सदर थाना में केस दर्ज किया गया है।
अस्पताल के गार्ड ने कहा कि लगभग पौने दस बजे दो युवक शहर के वार्ड आठ का भवेश कुमार और वार्ड चार का सद्दाम हुसैन मामूली जख्म लेकर अपने साथी वार्ड 20 के दीपक कुमार, गौसाय टोला वार्ड चार के मो.सद्दीक, मानिकपुर के मन्नु कुमार, जयप्रकाश नगर के गोल्डेन कुमार सहित तीन-चार अज्ञात कि साथ अस्पताल आए। डॉक्टर ने जख्म को देख ड्रेसिंग करने के लिए इमजेंसी वार्ड के ओटी में भेजा। स्वास्थ्यकर्मियों ने दोनों युवक के जख्म का डे्रसिंग किया। ओटी कक्ष से बाहर निकलने के दौरान युवकों ने केमिकल का स्प्रे किया और भाग निकला। सूचना पर एसडीएम वृंदालाल और एसडीपीओ वशी अहमद के अलावा सदर थानाध्यक्ष सुरेश कुमार सिंह अस्पताल पहुंच कर सीसीटीवी में फुटेज को देखा। इसी बीच घटना को अंजाम देने वाले दो जख्मी युवक के साथ दो अन्य युवक फिर इलाज कराने पहुंचे। अस्पताल के गार्ड ने चारों युवकों को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। पकड़े युवक दीपक कुमार, मो.सद्दाम, मो.सदिक और भवेश कुमार बताया गया हैं। थानाध्यक्ष सुरेश कुमार सिंह ने बताया कि अन्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की जा रही है। उधर, घटना के दूसरे दिन सदर अस्पताल के चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मियों ने सिविल सर्जन सेे सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की मांग की। सिविल सर्जन सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर इस घटना से वरीय अधिकारियों को अवगत कराया गया है।