पूर्व सांसद समेत चार कांग्रेसियों को दो-दो साल की सजा, धरना-प्रदर्शन के दौरान रोकी थी ट्रेन

पूर्व सांसद समेत चार कांग्रेसियों को दो-दो साल की सजा, धरना-प्रदर्शन के दौरान रोकी थी ट्रेन

लखनऊ 
एमपीएमएलए के विशेष जज पवन कुमार राय ने धरना-प्रदर्शन के दौरान ट्रेन रोकने के एक मामले में कांग्रेस की पूर्व सांसद अनु टंडन को दोषी करार दिया है। उन्होंने इस मामले में उन्नाव के तत्कालीन कांग्रेस जिला अध्यक्ष सूर्य नारायण यादव, शहर अध्यक्ष अमित शुक्ला व युवा कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष अंकित परिहार को भी दोषी करार दिया है। उन्होंने अनु टंडन समेत सभी अभियुक्तों को दो-दो साल की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक अभियुक्तों को 25-25 हजार की क्षतिपूर्ति भी अदा करने का आदेश दिया है। उन्होंने कानूनी प्रावधानों के तहत सभी अभियुक्तों की जमानत भी मंजूर कर ली।  12 जून, 2017 को इस मामले की शिकायत आरपीएफ ने दर्ज कराई थी। उन्नाव स्टेशन के पूर्वी किनारे पर बने ओवरब्रिज के पास कांग्रेस का बैनर व झंडा आदि लिए प्रदर्शनकारी खड़े थे। उसी समय गाड़ी संख्या 18191 प्लेटफार्म नंबर- 2 पर आ रही थी। गाड़ी को आता देखकर प्रदर्शनकारी लाइन नंबर- 2 पर खड़े हो गए। भीड़ को लाइन पर खड़ा देखकर चालक ने ट्रेªªन को प्लेटफार्म से पहले ही रोक लिया।

गाड़ी के रुकते हुए प्रदर्शनकारी दौड़कर इंजन पर चढ़ गए, जिन्हें किसी तरह समझा-बुझाकर उतारा गया। इस घटना से ट्रेन 12 मिनट प्रभावित हुई। विवेचना के बाद उन्नाव आरपीएफ के उपनिरीक्षक मिथिलेश कुमार यादव ने अभियुक्तों के खिलाफ रेलवे एक्ट की धारा 174 (ए)  में आरोप पत्र दाखिल किया था। दो अगस्त, 2018 को अदालत ने आरोप पत्र पर संज्ञान लेते हुए मुकदमे का विचारण शुरू किया।