डी कंपनी पर शिकंजा: अमेरिका से दाऊद के भतीजे सोहेल के प्रत्यर्पण की तैयारी
मुंबई
अगर भारत सरकार की मांग मान ली गई तो दाऊद इब्राहिम के भतीजे सोहेल कासकर को जल्द ही देश लाया जा सकता है। सूत्रों ने हमारे सहयोगी अखबार मुंबई मिरर को बताया कि मुंबई पुलिस की गुजारिश के बाद केंद्र सरकार ने अमेरिकी एजेंसियों से सोहेल के प्रत्यर्पण के लिए संपर्क किया है। सोहेल ने 1989 में 10 साल की उम्र में अपने पिता नूरा कासकर (दाऊद का छोटा भाई) के साथ देश छोड़ दिया था। किडनी फेल होने के बाद 2009 में नूरा की कराची के एक अस्पताल में मौत हो गई थी।
जून 2014 में 39 साल के सोहेल को स्पेन में गिरफ्तार किया गया था और सितंबर 2015 में उसे अमेरिका को प्रत्यर्पित कर दिया गया था। उस पर नार्कोटेररेज्म के आरोप के साथ कोलंबियाई विद्रोहियों की मदद करने और अमेरिका में मादक पदार्थ हेरोइन भेजने का आरोप था। सोहेल को तीन अन्य लोगों के साथ इस साजिश के आरोप में यूएस जस्टिस डिपार्टमेंट ने दोषी ठहराया था।
इस साल 12 सितंबर को सोहेल को अमेरिका की एक कोर्ट ने चार मामलों में सजा देते हुए कहा था कि सजा काटने की उसकी अवधि पूरी हो चुकी है। इसके साथ ही उसके भारत को प्रत्यर्पित किए जाने का रास्ता साफ हुआ था, क्योंकि वह एक भारतीय पासपोर्ट पर यात्रा करते हुए पकड़ा गया था। भारत और अमेरिका के बीच 2005 में म्यूचुअल लीगल असिस्टेंस ट्रीटी (आपसी न्यायिक सहायता संधि) हुई थी। सूत्रों के मुताबिक इस संधि की बदौलत सोहेल का प्रत्यर्पण तय माना जा रहा है।
कोर्ट के दस्तावेजों से पता चलता है कि सोहेल कासकर ने स्पेन में रहने वाले दो पाकिस्तानी नागरिक हमीद चिश्ती उर्फ बेनी और वहाब चिश्ती उर्फ एंजल के साथ ही अली दानिश नाम के शख्स के साथ बार्सिलोना में 28 अप्रैल 2014 को एक मीटिंग में हिस्सा लिया था। इस मीटिंग में उनके बीच पाकिस्तान से अमेरिका के लिए मादक पदार्थ हेरोइन भेजने पर चर्चा हुई थी। उन सभी ने कोलंबिया के एक आतंकी संगठन रेवलूशनरी आर्म्ड फोर्सेज को जमीन से हवा में मार करने वाली मिसाइल भेजने पर भी बात की थी। सोहेल ने मिडिल ईस्ट में भी एक मीटिंग में हिस्सा लिया था, जहां पर हेरोइन को भेजने पर बातचीत हुई थी।
16 जून 2014 को सोहेल, हमीद, वहाब और दानिश ने बार्सिलोना में अन्य लोगों से मुलाकात की। इस दौरान कोलंबियाई विद्रोहियों को मिसाइल की बिक्री और हेरोइन भेजे जाने पर फिर चर्चा हुई। इसके अगले ही दिन चारों गिरफ्तार हो गए। सितंबर 2015 में एक अमेरिकी कोर्ट ने सोहेल और तीन अन्य के प्रत्यर्पण का आदेश दिया था।
डोभाल की अगुआई में प्रत्यर्पण की कोशिश
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और मुंबई पुलिस कमिश्नर सुबोध कुमार जायसवाल की अगुआई में केंद्रीय एजेंसियां अब सोहेल को भारत लाने के प्रयासों में जुटी हुई हैं। सोहेल अब अमेरिका में आजाद है। पुलिस विभाग के एक अधिकारी ने बताया, 'भारत और अमेरिका के बीच अच्छे संबंध हैं। इसके साथ ही हमारे बीच न्यायिक सहायता संधि भी है लिहाजा हम आसानी से सोहेल को भारत की धरती पर ला सकते हैं।'
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