बुजुर्ग महिला के मानहानि में बुरे फंसी कंगना रनौत, कोर्ट में आज होगी सुनवाई

बुजुर्ग महिला के मानहानि में बुरे फंसी कंगना रनौत, कोर्ट में आज होगी सुनवाई

बठिंडा, हिमाचल प्रदेश के मंडी से सांसद कंगना रनौत के खिलाफ चल रहे मानहानि मामले की आज बठिंडा की स्पेशल कोर्ट में सुनवाई होगी। यह मामला पंजाब की महिंदर कौर द्वारा दायर मानहानि केस से जुड़ा है, जिसमें कंगना रनौत पिछली सुनवाई (24 नवंबर) को कोर्ट में पेश नहीं हुई थीं और सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए फिजिकल पेशी से छूट की अर्जी दी थी।

पिछली सुनवाई में कंगना के वकील ने कोर्ट में कहा था कि उन्हें पंजाब में सुरक्षा को लेकर खतरा है, इसलिए उन्हें फिजिकल पेशी से छूट दी जाए। वहीं वादी पक्ष के वकील राघववीर सिंह बैनीवाल ने इस दलील का विरोध करते हुए कहा था कि सांसद को पहले से पर्याप्त सुरक्षा दी गई है और यह कोर्ट न आने का बहाना है।

कोर्ट ने 24 नवंबर को दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद आज, 2 दिसंबर, कंगना पक्ष को दोबारा अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए बुलाया था। आज की सुनवाई में कोर्ट यह तय करेगा कि कंगना रनौत को फिजिकल पेशी से स्थायी या अस्थायी छूट दी जाए या नहीं।

उधर, महिंदर कौर के पति लाभ सिंह ने दोहराया है कि कंगना को किसी भी कीमत पर माफ नहीं किया जाएगा। उनका कहना है कि कंगना ने पंजाब की महिलाओं और सिख समुदाय के बारे में कई अपमानजनक टिप्पणियां की हैं, इसलिए वे इस केस को अंत तक लड़ेंगे। कोर्ट ने कंगना रनौत के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं और गवाहों को बुलाने को कहा है। उन्होंने कहा कि माफी को लेकर मीडिया में जो चर्चा हो रही है, वह हमें मंजूर नहीं है, क्योंकि पहले कंगना रनौत इस मामले को सुप्रीम कोर्ट तक ले गई थीं, लेकिन कोई राहत न मिलते देख अब वह माफी मांग रही हैं।

यह मामला दिसंबर 2020 के उस विवादित रीट्वीट से संबंधित है, जब केंद्र सरकार के तीन कृषि कानूनों के विरोध में किसान दिल्ली की सीमाओं पर धरने पर बैठे थे। उसी दौरान कंगना रनौत ने एक ट्वीट में बठिंडा जिले के बहादुरगढ़ जंडियां गांव की बुजुर्ग किसान महिला मोहिंदर कौर की तुलना शाहीन बाग आंदोलन की बिलकिस बानो से कर दी थी। इसके अलावा, उन्होंने अपने ट्वीट में दावा किया था कि ऐसी महिलाएँ 100 रुपये लेकर आंदोलन में शामिल होती हैं। कंगना की इस टिप्पणी को अपमानजनक मानते हुए मोहिंदर कौर ने 5 जनवरी 2021 को उनके खिलाफ मानहानि का केस दायर किया था।