Vidhan Sabha Election 2018 : निर्दलीय और छोटी पार्टियां बनेंगी किंग मेकर?

Vidhan Sabha Election 2018 : निर्दलीय और छोटी पार्टियां बनेंगी किंग मेकर?

नई दिल्ली 
पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के एग्जिट पोल्स में कुछ राज्यों में कांटे की टक्कर और कुछ में त्रिशंकु विधानसभा की बात कही जा रही है। एग्जिट पोल के बाद से ही बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही पार्टियों के वरिष्ठ नेता छोटी पार्टियों और निर्दलीय उम्मीदवारों के समर्थन की तैयारी में जुट गए हैं। बहुमत के आंकड़े तक नहीं पहुंच पाने की हालत में नंबर जुटाने के लिए अभी से रणनीति बना रही हैं। 
 
कर्नाटक में सरकार बनाने के लिए हुए नाटकीय घटनाक्रम को अभी ज्यादा दिन नहीं हुए हैं और दोनों ही पार्टियां अपनी तरफ से इस बार पूरी सतर्कता बरतना चाह रही हैं। चुनाव नतीजों के बाद बीजेपी को बहुमत नहीं मिल सका और 7 सीटें कम रह गईं। 7 सीटें नहीं जुटा पाने के कारण कांग्रेस और जेडीएस को गठबंधन का मौका मिला और कर्नाटक में गठबंधन सरकार बन गई। हालांकि, कर्नाटक में सरकार बनाने के लिए कांग्रेस को कम सीटों वाली क्षेत्रीय पार्टी जेडीएस को मुख्यमंत्री का पद देना पड़ा। 
 
मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ में ऐसे बन सकते हैं हालात 
एग्जिट पोल्स में 4 राज्यों में जिस तरह की स्थिति बताई जा रही है, ऐसा लग रहा है कि फिर एक बार सरकार बनाने के लिए भरसक जोड़-तोड़ होगी। अगर मध्य प्रदेश में बहुमत के जरूरी आंकड़े तक बीजेपी और कांग्रेस में से कोई नहीं पहुंच सकी तो वहां निर्दलीय, बीएसपी और गोंडवाना गोमांतक पार्टी की भूमिका अहम हो जाएगी। इसी तरह छत्तीसगढ़ में अजीत जोगी की पार्टी और निर्दलीय उम्मीदवार किंग मेकर बन सकते हैं। 

तेलंगाना में ओवैसी या बीजेपी को मिलेगा बड़ा मौका 
तेलंगाना में भी अगर त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति बनती है तब खेल और भी दिलचस्प हो जाएगा। असदुद्दीन ओवैसी की एआईएमआईएम या फिर बीजेपी अपनी बड़ी भूमिका सरकार बनाने में निभा सकती है। हालांकि, रविवार को ही गठबंधन सरकार बनने के हालात देखते हुए बीजेपी ने तेलंगाना के हित में समर्थन की बात कही थी।