जेएनयू से उमर खालिद ने अपने निष्कासन को हाईकोर्ट में दी चुनौती

नई दिल्ली
दिल्ली हाईकोर्ट ने उमर खालिद की याचिका पर जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) और चीफ प्रॉक्टर को नोटिस जारी किया है. उमर ख़ालिद ने 4 जुलाई के जेएनयू के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उमर खालिद को जेएनयू से निष्कासित कर दिया गया है. इसके अलावा उमर ख़ालिद पर 20 हज़ार का जुर्माना भी लगाया गया है. उमर ख़ालिद की याचिका पर गुरुवार को सुनवाई करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट ने जेएनयू को उमर ख़ालिद के खिलाफ फिलहाल कोई सख्त कदम उठाने का निर्देश दिया है. उमर खालिद की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने जेएनयू का जवाब देने के लिए एक दिन का वक़्त दिया है. इससे पहले कन्हैया कुमार भी दिल्ली हाईकोर्ट का रुख कर चुके हैे. कन्हैया ने जेएनयू के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें कन्हैया पर ₹10000 का जुर्माना लगाया गया है.

जेएनयू द्वारा गठित की गई हाई लेवल इंक्वायरी कमेटी ने अपनी जांच के बाद उमर खालिद पर ₹20000 का जुर्माना और यूनिवर्सिटी से निष्कासन का आदेश दिया था. उमर खालिद पर यह कार्रवाई 9 फरवरी 2016 को भारत विरोधी नारे लगाने और अफजल गुरू की फांसी पर सवाल उठाने को लेकर की गई है. आरोप है कि उमर खालिद ने देश विरोधी नारे जेएनयू कैंपस के अंदर ही लगाए थे और जिसमें बड़ी संख्या में और छात्रों को भी शामिल किया गया था. कन्हैया और उमर खालिद के अलावा कुछ और छात्रों ने भी अपने ऊपर लगाए जुर्माने और कमेटी की सिफारिशों को हाई कोर्ट में चुनौती दी है.

दिल्ली हाईकोर्ट उमर खालिद कन्हैया कुमार और कुछ और जेएनयू के छात्रों की याचिका पर कल को फिर सुनवाई करेगा. शुक्रवार को ही जेएनयू को भी कोर्ट से हुए नोटिस का जवाब देना है. ऐसे में कल की सुनवाई और कोर्ट में जेएनयू की तरफ से दाखिल किया गया जवाब बेहद महत्वपूर्ण होगा.