राजधानी में पेयजल परिवहन के लिए 74 निकायों को 10 करोड़ 61 लाख

राजधानी में पेयजल परिवहन के लिए 74 निकायों को 10 करोड़ 61 लाख

भोपाल
गर्मियों के मौसम में प्रदेश के कई शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट गहरा गया है। कई निकायों में एक, दो और तीन दिनों के अंतर से पानी आ रहा है। कई जगह तो जलस्रोत में पानी खत्म होंने का संकट पैदा हो गया है। ऐसे समय में नागरिकों को पेयजल मिल सके इसके लिए राज्य शासन ने प्रदेश के 74 निकायों को 10 करोड़ 61 लाख 62 हजार रुपए आबंटित किए है। इस राशि से जलसंकट वाले शहरों में पेयजल परिवहन के जरिए पहुंचाने के निर्देश दिए गए है।

नगर पालिका परिषद देपालपुर में दो दिन छोड़कर और मेघनगर में एक दिन छोड़कर जलप्रदाय किया जा रहा है। चाचौड़ा बीनागंज नगर पालिका परिषद में एक दिन छोड़कर जलप्रदाय किया जा रहा है। सीहोर के जावर में तीन ट्यूबवेल खराब पड़े है।जावर में मुख्य नगर पालिका अधिकारी ही नहीं है।  नगर पालिका परिषद गौतमपुरा में पीनेयोग्य पानही ही नहीं बचा है। बड़ागांव नगर पालिका परिषद के तीन वार्डो में एक दिन के अंतर से जलप्रदाय किया जा रहा है। नगर परिषद पांर्ढुना में दो दिन छोड़कर पेयजल प्रदाय किया जा रहा है। इसी तरह और भी कई निकायों में पेयजल संकट बना हुआ है। टेंकरों से जलप्रदाय हो रहा है तो वह भी लोगों को रोज नहीं मिल पा रहा है। 

इन 71 निकायों में होगा पेयजल परिवहन- बैतूल, मुलताई, आमला, सारनी, भैसदेही, आठनेर, चिचोली, बैतूल बाजार, ग्वालियर, डबरा, आंतरी, बिलौआ, पिछोर, भितरवार, जबलपुर, पांर्ढुना,अमरवाड़ा, दमुआ, चौरई,जुन्नारदेव, चांद, बिछुआ, छतरपुर, नौगांव, महाराजपुर, हरपालपुर, गढ़ीमल्हरा, लवकुश नगर, चंदला, बारीगढ़, राजनगर, खजुराहो, सटई, बिजावर,बड़ामल्हरा, घुवारा, बक्सवाहा, टीकमगढ़, कारी, बड़ागांव, बल्देवगढ़, खरगापुर, पलेरा, जतारा, लिधोराखास, पृथ्वीपुर, जैरोनखालसा, निवाड़ी, तरीचरकलां, ओरछा, सीहोर, आष्टा, कोठरी, जावर, इछावर, गौतमपुरा, देपालपुर, राऊ, पीथमपुर, मनावर, धामनौद, धरमपुरी, कुक्षी,रतलाम, जावरा, आलोट, नामली, सैलाना,धामनौद, सांची, अकौदिया, पोलायकला निकायों में पेयजल परिवहन के लिए 10 करोड़ 61 लाख रुपए आबंटित किए गए है। ग्वालियर को सर्वाधिक ढाई सौ लाख रुपए और सीहोर को  121 लाख, आष्टा को 120 लाख रुपए दिए गए है।